श्रीगंगानगर
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान सरकार किसानों के साथ-साथ प्रदेश भर में जन-जन के कल्याण के लिये प्रतिबद्ध है। निरन्तर जनकल्याणकारी योजनाओं और कार्यक्रमों के माध्यम से प्रदेश के सर्वांगीण विकास के लिये कार्य किये जा रहे हैं। बजट घोषणाओं में भी समाज के सभी वर्गों के हितों का ध्यान रखा जा रहा है। महिला, किसान, युवा, बालिका शिक्षा के साथ-साथ बिजली, पानी, सड़क, स्वास्थ्य जैसी मूलभूत सुविधाओं की बेहतरी के लिये भी सरकार द्वारा प्रयास किये जा रहे हैं। इसी कड़ी में किसानों को संबल देने के लिये सरसों की समर्थन मूल्य पर होने वाली खरीद की सीमा 25 से बढ़ाकर 40 क्विंटल और डिग्गी निर्माण की अवधि 31 मार्च से बढ़ाकर 30 जून 2025 तक की गई हैं। दोनों ही सौगात मिलने से प्रदेश के किसानों में प्रसन्नता है और किसानों ने माननीय मुख्यमंत्री का आभार भी व्यक्त किया है।
उल्लेखनीय है कि दोनों ही सौगात किसानों को मिलने से आर्थिक लाभ होगा। पूर्व में समर्थन मूल्य पर सरसों खरीद की सीमा प्रति किसान 25 क्विंटल थी। इसे बढ़ाकर अब प्रति किसान 40 क्विंटल किया गया है। इसी तरह डिग्गी निर्माण के लिये पूर्व में समय सीमा 31 मार्च 2025 थी, जिसे बढ़ाकर 30 जून 2025 तक कर दिया गया है। दोनों ही आदेश केन्द्र और राज्य सरकार की ओर से जारी कर दिये गये हैं। इससे सरसों उत्पादक किसानों को समर्थन मूल्य पर अपनी उपज बेचने पर अधिक लाभ होगा। समर्थन मूल्य पर सरसों खरीद के लिये किसानों को 5950 रूपये प्रति क्विंटल की दर से भुगतान होगा।
सरसों खरीद की समय सीमा 10 अप्रैल 2025 है। इसके लिये पंजीयन 1 अप्रैल से आरम्भ है। पूर्व में सरसों खरीद की सीमा प्रति किसान 25 क्विंटल थी। इससे अधिक मात्रा में सरसों की उपज किसान समर्थन मूल्य पर नहीं बेच पा रहे थे। किसान संगठनों की ओर से इस संबंध में की गई मांग पर केन्द्रीय कृषि मंत्रालय द्वारा खरीद सीमा को बढ़ाकर 40 क्विंटल किया गया है। इसी तरह किसानों द्वारा सिंचाई पानी को संरक्षित करने के लिये डिग्गी निर्माण की समय सीमा बढ़ाकर 30 जून 2025 की गई है। 31 मार्च के बाद भी किसान डिग्गी निर्माण कर सकेंगे। इससे किसानों की फसल भी खराब नहीं होगी और समय मिलने से किसान आराम से डिग्गी का निर्माण करवा सकेंगे। दोनों ही घोषणाओं पर किसानों द्वारा केन्द्र और राज्य सरकार का आभार व्यक्त किया गया है। इससे जहां एक ओर किसानों को सरकार की योजनाओं का लाभ मिल सकेगा, वहीं उनकी परेशानियां दूर हो सकेंगी।
मुख्यमंत्री की संवेदनशीलता और किसान हित में लिये गये इन निर्णयों से किसानों को संबल मिलेगा। इसके साथ ही डिग्गी निर्माण की समय सीमा में बढ़ोतरी होने से किसानों को होने वाली परेशानियों से भी निजात मिल सकेगी। उन्हें अपनी फसलों को सिंचित करने के लिये पानी संग्रहण में आसानी होगी। नहरों में सिंचाई पानी की उपलब्धता न होने पर वे डिग्गियों में संग्रहित पानी का उपयोग कर सकेंगे। इससे न केवल उनका उत्पादन बढ़ेगा अपितु डिग्गियों में संग्रहित पानी का सिंचाई के अतिरिक्त अन्य उपयोग भी हो सकेगा। (फोटो सहित)